आराधना का ब्लॉग

'अहमस्मि'- अपनी खोज में

बया का घोंसला

कहते हैं कि खाली दिमाग शैतान का घर होता है, पर मेरा खाली दिमाग तो रचनात्मक ऊर्जा से भर जाता है. कभी किसी गम्भीर विषय पर चिन्तन करने लगता है, तो कभी यादों के गलियारों में भटकने लगता है. कल रात को ही लीजिये, मुझे एक छोटी सी घटना याद आयी और चेहरे पर मुस्कान बिखेर गयी.

कुछ साल पहले की बात है. छुट्टियों में घर गयी तो देखा कि छत की मुंडेर पर चढ़ी बोगनबेलिया की झाड़ पर बया का एक घोंसला लटका हुआ है. मैंने सुना था कि बया बड़ी इन्जीनियर टाइप की चिड़िया होती है, सो उसका घोंसला देखने छत पर चढ़ गयी. वैसे तो उस समय बया आस-पास दिखी नहीं. पर मैं जानती थी कि पक्षियों को अपने घर से छेड़छाड़ पसंद नहीं होती, इसलिये दूर से ही देखने की कोशिश करने लगी. झाड़-झंखाड़ के कारण कुछ दिखाई नहीं दिया.

थोड़ी देर बाद बया वापस आयी. उसे शायद मेरी हरकत पता चल गयी थी. वह नाराज़ होकर थोड़ी देर तक चिल्लाती रही, बड़बड़ाती रही. पता नहीं कितनी गालियाँ दी होंगी. अब मैं पक्षियों की भाषा तो जानती नहीं. मैंने भी कहा कर लो जितनी चाहो उतनी चिक-चिक. इससे ज़्यादा तो तुम कुछ कर नहीं सकती. लेकिन, बया को मेरी हरकत इतनी नागवार गुज़री कि उसने अपना स्थानान्तरण कर लिया.

दो-तीन दिन बाद मैंने देखा कि हमारे लगभग २५-३० फीट ऊँचे एक सागौन के पेड़ की लगभग फुनगी के पास एक बया का घोंसला लटका है. बया रानी उसके अंदर-बाहर फुदक रही थी. मानो मुझे चिढ़ा रही हो “आओ, अब करो मेरे घर में झाँका-ताकी.” बया बड़ी समझदार होती है, ये तो सुना था, पर इतनी समझदार होती है, ये नहीं मालूम था.

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5 thoughts on “बया का घोंसला

  1. Interesting story of a very intelligent bird.I could hear her husband singing:
    ‘एक घर बनाऊंगा , तेरे घर के सामने
    दुनिया बसाऊंगा , तेरे घर के सामने’

    Can you hear it Aradhana ?Well done, बया रानी !!

    Email:akpandey77@gmail.com
    Website: http://indowaves.instablogs.com/

  2. वाह! वह निश्चित ही मादा बया रही होगी न …..(होशियार ) चिढ़ा गयी आपको .
    ..और आप ठगी सी रह गयीं …….हा हा हा …….मजा आया !

  3. पुनश्च : और वह इसलिए भी मादा रही होगी कि -नारि न मोहे नारि के रूपा ,पन्नगारि यह रीति अनूपा (हा हा ) (हे गरुण किसी नारी को दूसरे नारी का रूप नहीं भाता -यह एक अनूठी रीति है ,काकभुशुण्डी .बोले …उत्तर काण्ड ) अगर नर बया रहा होता तो बात उलट होती इसके ..तेरे दर पर आया हूँ ……हा हा ….

  4. धन्यवाद , हमारी भी ज्ञान-वृद्धि के लिए |
    🙂

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